Saturday, November 27, 2021
HomeMp Newsछतरपुर: खेत में हायना के छिपे होने की सूचना थी, पहुंचे तो...

छतरपुर: खेत में हायना के छिपे होने की सूचना थी, पहुंचे तो तेंदुए ने हमला कर दिया, दो डिप्टी रेंजर घायल : Shivpurinews.in

- Advertisement -

{“_id”:”61a0b956ab50f836de588938″,”slug”:”chhatarpur-there-was-information-about-the-hiding-of-the-hyena-in-the-field-when-they-arrived-the-leopard-attacked-two-deputy-rangers-injured”,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”छतरपुर: खेत में हायना के छिपे होने की सूचना थी, पहुंचे तो तेंदुए ने हमला कर दिया, दो डिप्टी रेंजर घायल”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर
Published by: रवींद्र भजनी
Updated Fri, 26 Nov 2021 04:09 PM IST

सार

छतरपुर में वन विभाग के अमले को हायना खेत में छिपे होने की सूचना मिली थी। रेस्क्यू के लिए गए तो वहां तेंदुआ छिपा हुआ था। एकाएक हुए हमले से वन विभाग में डिप्टी रेंजर राजेंद्र कुमार सक्सेना और डिप्टी रेंजर संतोष तेंदुए घायल हो गए।  
 

तेदुए के हमले में घायल हुए डिप्टी रेंजर राजेंद्र कुमार सक्सेना और संतोष कोंदर।
– फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

ख़बर सुनें

छतरपुर में वन विभाग के दो डिप्टी रेंजरों पर तेंदुए ने हमला बोल दिया। दोनों घायल हैं और अस्पताल में भर्ती किए गए हैं। वन विभाग को सूचना मिली थी कि खेत में हायना छिपा हुआ है। वह शिकार कर सकता है। रेस्क्यू के लिए गए तो वहां तेंदुआ छिपा था। उसने देखते ही वन विभाग की टीम पर हमला बोल दिया। इस हमले में नौगांव बीट के डिप्टी रेंजर राजेंद्र कुमार सक्सेना और पहाड़गांव बीट के डिप्टी रेंजर संतोष कोंदर घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 

छतरपुर के रेंज ऑफिसर वीके अवस्थी ने बताया कि सूचना तो हायना की मिली थी। जब मौके पर गए तो हमें वहां तेंदुए के पगमार्क मिले थे। हमने यह देखकर ग्रामीणों को सतर्क कर दिया था। रेस्क्यू टीम लेकर गए थे, ताकि उसे वहां से सुरक्षित निकाला जा सके। हमने ग्रामीणों के वहां से निकलने और खेतों में आने-जाने से मना कर रखा है। हम स्टाफ और रेस्क्यू टीम लेकर वहां पर पहुंचे, तो उसने हमें पहले देख लिया और अचानक हमला कर दिया। इससे सक्सेना और कोंदर घायल हो गए। हम लोग और रेस्क्यू टीम अगर अलर्ट न होती तो बड़ी घटना भी घट सकती थी। किसी की जान भी जा सकती थी। 

भोजन-पानी की तलाश में किया शहरों का रुख
वन्य अधिकारियों का कहना है कि भोजन-पानी की तलाश में वन्य जीव शहरों की ओर रुख कर रहे हैं। एक बड़ी वजह यह भी है कि रिहायशी इलाके अब जंगलों के करीब तक पहुंच गए हैं। ऐसे में तेंदुआ भटककर इंसानी बस्ती के पास पहुंच जाता है। 

विस्तार

छतरपुर में वन विभाग के दो डिप्टी रेंजरों पर तेंदुए ने हमला बोल दिया। दोनों घायल हैं और अस्पताल में भर्ती किए गए हैं। वन विभाग को सूचना मिली थी कि खेत में हायना छिपा हुआ है। वह शिकार कर सकता है। रेस्क्यू के लिए गए तो वहां तेंदुआ छिपा था। उसने देखते ही वन विभाग की टीम पर हमला बोल दिया। इस हमले में नौगांव बीट के डिप्टी रेंजर राजेंद्र कुमार सक्सेना और पहाड़गांव बीट के डिप्टी रेंजर संतोष कोंदर घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 

छतरपुर के रेंज ऑफिसर वीके अवस्थी ने बताया कि सूचना तो हायना की मिली थी। जब मौके पर गए तो हमें वहां तेंदुए के पगमार्क मिले थे। हमने यह देखकर ग्रामीणों को सतर्क कर दिया था। रेस्क्यू टीम लेकर गए थे, ताकि उसे वहां से सुरक्षित निकाला जा सके। हमने ग्रामीणों के वहां से निकलने और खेतों में आने-जाने से मना कर रखा है। हम स्टाफ और रेस्क्यू टीम लेकर वहां पर पहुंचे, तो उसने हमें पहले देख लिया और अचानक हमला कर दिया। इससे सक्सेना और कोंदर घायल हो गए। हम लोग और रेस्क्यू टीम अगर अलर्ट न होती तो बड़ी घटना भी घट सकती थी। किसी की जान भी जा सकती थी। 

भोजन-पानी की तलाश में किया शहरों का रुख

वन्य अधिकारियों का कहना है कि भोजन-पानी की तलाश में वन्य जीव शहरों की ओर रुख कर रहे हैं। एक बड़ी वजह यह भी है कि रिहायशी इलाके अब जंगलों के करीब तक पहुंच गए हैं। ऐसे में तेंदुआ भटककर इंसानी बस्ती के पास पहुंच जाता है। 

Source link

- Advertisement -
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular